उत्तर प्रदेश में अवैध ई-रिक्शा के खिलाफ व्यापक अभियान शुरू हो गया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देशानुसार यह अभियान 1 अप्रैल से 30 अप्रैल तक चलेगा।
गाजियाबाद के आरटीओ केडी सिंह गौर के अनुसार, अभियान के शुरुआती दो दिनों में ही 146 ई-रिक्शा जब्त किए गए हैं, जबकि 38 चालकों के खिलाफ चालान जारी किया गया है।
परिवहन विभाग उन ई-रिक्शों पर कार्रवाई कर रहा है, जो बिना रजिस्ट्रेशन, फिटनेस सर्टिफिकेट और लाइसेंस के चल रहे हैं। साथ ही, नाबालिग चालकों द्वारा संचालित ई-रिक्शों को भी जब्त किया जा रहा है।
इसके अलावा, प्रशासन ने अवैध ई-रिक्शा निर्माण और असेंबलिंग करने वाली फैक्ट्रियों पर भी कार्रवाई करने का निर्णय लिया है। जिला प्रशासन की विशेष टीम ऐसी फैक्ट्रियों पर छापेमारी करेगी और इन्हें बंद किया जाएगा, जिससे अवैध ई-रिक्शों की बढ़ती संख्या को नियंत्रित किया जा सके।
आरटीओ का कहना है कि ई-रिक्शा परमिट से मुक्त होते हैं, जिसके कारण इनके रूट तय नहीं किए जा सकते। इस अनियमितता की वजह से शहर में ट्रैफिक जाम की समस्या बढ़ रही है। प्रशासन का लक्ष्य है कि सड़कों पर केवल वैध ई-रिक्शा ही संचालित हों, जिससे यातायात व्यवस्था सुचारू बनी रहे।
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